जरा हटके

चार्ली चेपलिन का बेटी के नाम खत, जो कहता है इंसान बनने की कोशिश करो

चार्ली चेपलिन का बेटी के नाम खत, जो कहता है इंसान बनने की कोशिश करो

 

महान अभिनेता चार्ली चेपलिन द्वारा अपनी अभिनेत्री पुत्री जिरल्डाइन को क्रिसमस 1965 को लिखे गये खत के कुछ अंश.........

 

ये नृत्य और ये शाबासी तुम्हें सातवे आसमान पर ले जाने में सक्षम है। उड़ो और उड़ो, पर ध्यान रखना कि तुम्हारे पाँव सदा धरती पर टिके रहें, तुम्हे लोगों की जिदंगी को करीब से देखना चाहिए। 

जिस दुनिया में तुम रहती हो वहाँ नाच गाने के अतिरिक्त कुछ नहीं है। आधी रात के बाद जब तुम थियेटर से बाहर आओगी तो तुम अपने समृध्द और संपन्न चाहने वालों को तो भूल सकती हो, पर जिस टैक्सी में बैठकर तुम अपने घर तक आओ, उस टैक्सी ड्राइवर से यह पूछना मत भूलना कि उसकी पत्नी कैसी है? यदि वह उम्मीद से है तो क्या अजन्मे बच्चे के नन्हे कपडों के लिए उसके पास पैसे है? उसकी जेब में कुछ अतिरिक्त पैसे डालना मत भूलना।

कला किसी कलाकर को पंख देने से पहले उसके पाँवों को लहुलूहान जरूर करती है, यदि किसी दिन तुम्हे लगने लगे कि तुम अपने दर्शकों से बड़ी हो तो उसी दिन मंच छोड़कर भाग जाना, टैक्सी पकड़ना और पेरिस के किसी भी कोने में चली जाना। मैं जानता हूँ कि तुम्हें अपने जैसी ही कई नृत्यांगनाऎं मिलेंगी। तुमसे भी अधिक सुंदर और प्रतिभावान। फर्क सिर्फ इतना है कि उनके पास थियेटर की चकाचौंध और चमकीली रोशनी नहीं है, उन्हें जिंदगी ने तुम्हारे जैसा मौका नहीं दिया। उनकी सर्चलाइट चंद्रमा है, अगर तुम्हें लगे कि इनमें से कोई तुमसे अच्छा नृत्य करती है तो तुम नृत्य छोड़ देना। हमेशा कोई न कोई बेहतर होता है, इसे स्वीकार करना और आगे बढते रहना, निरतंर सीखते रहना ही तो कला है।

अपने खूबसूरत दिल का सौदा सिर्फ बाहरी चमक दमक पर न कर बैठना। याद रखना कि सबसे बड़ा हीरा तो सूरज है जो सबके लिए चमकता है। हाँ! जब ऐसा समय आए कि तुम किसी से प्यार करने लगो तो उसे पूरे दिल से प्यार करना। हो सकता है मेरे शब्द हास्यास्पद जान पडें पर मेरे विचार में तुम्हारे शरीर का अधिकारी वहीं हो सकता है जो तुम्हारी अनावृत आत्मा की सच्चाई का सामना करने का सामर्थ्य रखता हो।

मैं जानता हूँ कि तुम्हारा काम कठिन है। तुम्हारा बदन रेशमी कपड़ों से ढका है पर कला खुलने के बाद ही सामने आती है। मैं यह भी जानता हूँ कि एक पिता और उसकी संतान के बीच अंतहीन तनाव बना रहता है पर विश्वास करना, मुझे अत्यधिक आज्ञाकारी बच्चे पसंद नहीं। मैं सचमुच चाहता हूँ कि इस क्रिसमस की रात कोई करिश्मा हो ताकि जो मैं कहना चाहता हूँ, वह सब तुम अच्छी तरह समझ जाओ। याद रखना, तुम्हारा पिता कोई फरिश्ता नहीं, कोई जीनियस नहीं, वह तो जिंदगी भर एक इंसान बनने की कोशिश ही करता रहा और तुम भी यहीं कोशिश करना।


Tags:

  • charlie chaplin,
  • चार्ली चेपलिन,
  • charlie chaplin letter,
  • charlie chaplin daughter geraldine,
  • चार्ली चेपलिन का खत,
  • चार्ली चेपलिन का बेटी के नाम खत,

कमेंट